Home

स्वरचित रचनाओं के संग्रहण में आपका स्वागत है 🙏

Latest from the Blog

नौ स्वरूप की महिमा

प्रथम स्वरूप में माता तूने सती स्वरूप का त्याग किया,पर्वत सुता होने के कारण शैल पुत्री का नाम मिला।बैठी वृषभ राज पर माता भक्तों का उद्धार किया,माँ महिमा गाकर सबने गरबा नृत्य और भजन किया। द्वितीय स्वरूप में माता तूने तप,आचारण और ध्यान किया ,दक्ष प्रजापति के घर जन्मी माँ ब्रह्मचारिणी नाम मिला।सदाचार-संयम का माँContinue reading “नौ स्वरूप की महिमा”

नवरात्रि पर्व

शक्ति उपासना के पावन पर्व पर, शक्ति और बुद्धि बढ़े।सच्चे मन की आराधना से, धन,वैभव संग लक्ष्मी बढ़े।आरोग्य जीवन जीने के आशीर्वाद से स्वास्थ्य लाभ बढ़े।मां दुर्गा के वरद हस्त से हमारी अनन्त खुशियां बढ़े। सद् विचारों को धारण कर सुसंस्कारों संग आगे बढ़े।दीन दुखियों के सहायक बन उनके लिए सुन्दर जीवन गढ़े।मां का आशीर्वादContinue reading “नवरात्रि पर्व”

बेटी 👩‍⚖️

अमित बुध्दि से भरपूर जीवन है बिटिया रानी तुम्हारा, हैलक्ष्य रहित ना रहना यही है सदा अपने मन में तूने विचारा।मंजिलों को पाने के लिए अपने सपनों को है संजोया,हौंसले की उड़ान मन में भर तूने पंखों को है फैलाया। उस सीमा तक पहुंचने का अब तुमने अपना मन है बनाया,जहां से आगे चल राहContinue reading “बेटी 👩‍⚖️”

विनम्र श्रद्धांजलि

दिल की कलियां खिला लोगों को हंसाने का हुनर था तुम्हारे पास,अब कैसे आएगी लोगों के चेहरे पर मुस्कान कैसे होगी पूरी आस। भगवान तूने भी तो सुननी थी हम सब के दिलों की अरदास,शायद तुझे भी थी कोई हास्य महफिल की दिल से गहरी आस। इसी कारण भाई राजू को तूने बुला लिया इतनीContinue reading “विनम्र श्रद्धांजलि”

Loading…

Something went wrong. Please refresh the page and/or try again.

Connect with me via

मेरी नयी रचनाओं को सीधे ईमेल में प्राप्त करने हेतु कृपया सब्सक्राइब करे